Indian Aviation Sector: भारतीय एविएशन सेक्टर में इन दिनों एक नई हलचल देखने को मिल रही है। जहाँ अब तक इंडिगो और एयर इंडिया जैसे बड़े दिग्गजों का बोल-बाला था, वहीं अब उन्हें कड़ी टक्कर देने के लिए ‘शंख एयर’ (Shankh Air) मैदान में उतरने को तैयार है। हाल ही में नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने देश की तीन नई एयरलाइंस को ‘नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट’ (NOC) जारी किया है, जिनमें शंख एयर सबसे ज्यादा चर्चा में है।
एक ऑटो चालक से एयरलाइंस चेयरमैन तक का सफर, शंख एयर के फाउंडर और चेयरमैन श्रवण कुमार विश्वकर्मा की कहानी किसी फिल्मी पटकथा जैसी लगती है। कानपुर की तंग गलियों से निकलकर आसमान की ऊंचाइयों को छूने का उनका यह सफर संघर्ष और दृढ़ इच्छाशक्ति की मिसाल है। एक समय था जब श्रवण कुमार ऑटो (टेम्पो) चलाया करते थे और एक साधारण जीवन जीते थे।
Media News: मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, एक मध्यमवर्गीय परिवार में जन्मे श्रवण पढ़ाई में औसत थे और किन्हीं कारणों से उनकी पढ़ाई जल्द ही छूट गई थी। इसके बाद उन्होंने हार मानने के बजाय बिजनेस की दुनिया में कदम रखा। उन्होंने सरिया, सीमेंट, माइनिंग और फिर ट्रांसपोर्ट सेक्टर में हाथ आजमाया। धीरे-धीरे उन्होंने ट्रकों का एक बड़ा बेड़ा खड़ा किया, जिससे उनकी पहचान एक सफल कारोबारी के रूप में हुई।
Shankh Air: शंख एयर की शुरुआत और उद्देश्य
श्रवण कुमार का सपना उन लोगों को हवाई सफर कराना है जो ‘हवाई चप्पल’ पहनते हैं। करीब 4 साल पहले उनके मन में एविएशन सेक्टर में कदम रखने का विचार आया। उन्हें लगा कि हवाई यात्रा अब केवल विलासिता (लग्जरी) नहीं बल्कि जरूरत बन चुकी है, लेकिन मध्यम वर्ग के लिए अभी भी किफायती और भरोसेमंद विकल्पों की कमी है।
इसी सोच के साथ शंख एयरलाइंस की नींव पड़ी, जो उत्तर प्रदेश की पहली निजी एयरलाइंस है।
नाम के पीछे की सोच
एयरलाइंस के नाम के बारे में श्रवण कुमार बताते हैं कि ‘शंख’ उनकी आस्था और पहचान का प्रतीक है। उनका मानना है कि शंख हर घर में होता है, लेकिन उसे सही अंदाज में बजाना सबके बस की बात नहीं है। यही सोच उनकी ब्रांड फिलॉसफी का आधार भी है।
निष्कर्ष:- एविएशन मंत्रालय द्वारा NOC मिलने के बाद, शंख एयर के साथ-साथ ‘अल हिंद’ और ‘फ्लाई एक्सप्रेस’ जैसी एयरलाइंस भी जल्द ही नए रूट्स पर अपनी सेवाएं शुरू करेंगी।
श्रवण कुमार विश्वकर्मा की यह सफलता साबित करती है कि यदि आपके पास बड़ा सपना देखने और उसे पूरा करने का साहस है, तो जमीन से आसमान तक का सफर तय करना असंभव नहीं है।